सूरजपुर जिले के दूरस्थ चांदनी-बिहारपुर क्षेत्र में शिक्षा व्यवस्था की बुनियादी सुविधाओं की तस्वीर ग्राम पंचायत कैलाश नगर के ग्राम छतरंग स्थित शासकीय प्राथमिक शाला में सामने आई है। यहां स्कूल के हैंडपंप से लंबे समय से गंदा और आयरनयुक्त पानी निकल रहा है। पानी पीने योग्य नहीं होने के बावजूद बच्चे इसी समस्या के बीच पढ़ने को मजबूर हैं।
गर्मी के मौसम में यह स्थिति और गंभीर हो जाती है, जब हैंडपंप से पानी निकलना लगभग बंद हो जाता है। ऐसी स्थिति में शिक्षक और रसोइया करीब 500 से 600 मीटर दूर से पानी ढोकर लाते हैं।
स्कूल प्रबंधन के अनुसार इस समस्या को लेकर सूरजपुर कलेक्टर को तीन बार आवेदन दिया जा चुका है। पहली शिकायत 27 जनवरी 2024 को, दूसरी 25 अक्टूबर 2024 को जनदर्शन समाधान शिविर में और तीसरी तीन अगस्त 2026 को की गई। इसके बावजूद स्कूल में पेयजल की स्थायी व्यवस्था नहीं हो सकी है।
कछिया-खैरा में आयोजित कार्यक्रम के दौरान क्षेत्रीय विधायक लक्ष्मी राजवाड़े को भी आवेदन दिया गया था, लेकिन एक माह बीतने के बाद भी समस्या का समाधान नहीं हुआ।
शिक्षकों का कहना है कि वे जब से स्कूल में पदस्थ हुए हैं, तब से हैंडपंप का पानी गंदा आ रहा है। बच्चों के लिए भी वर्षों से यही स्थिति बनी हुई है।
शिक्षिकाओं का कहना है कि पिछले तीन वर्षों में शिक्षा विभाग के बीईओ या डीईओ स्तर का कोई अधिकारी स्कूल की स्थिति देखने नहीं पहुंचा।
शिक्षकों ने बीईओ से हैंडपंप की सफाई कराने तथा सोलर पंप स्थापित कर स्थायी पेयजल व्यवस्था करने की मांग की है। उनका कहना है कि स्कूल में पढ़ने वाले बच्चों के स्वास्थ्य से जुड़ी समस्या को प्राथमिकता से हल किया जाना चाहिए।
सरपंच को भी कई बार समस्या से अवगत कराया गया, लेकिन पंचायत स्तर पर भी पहल नहीं होने की बात कही गई है।



